طبع خاموشان به نور شرم روشن میشود
طبع خاموشان به نور شرم روشن میشود
درچراغ حسن گوهر آب روغن میشود
табаъ хомушон ба нур шарм рушан мӣ-шуд
дарачароғ ҳасан гуҳар об руған мӣ-шуд
پای آزادان به زنجیر علایق بند نیست
نام را نقش نگینها چین دامن میشود
пой озодон ба занҷири ъалойқ банд нест
ном ро нақш нгинаҳо чин доман мӣ-шуд
گر چنین دارد نگاه بیتمیزان انفعال
رفته رفته حسن هم آیینه دشمن میشود
гар чанин дорад нго бе-тамизон анафаъол
рафта рафта ҳасан ҳам оина дашман мӣ-шуд
قهر یک رنگان دلیل انقلاب عالم است
از فساد خون خلل در کشور تن میشود
қаҳар як рангон далил анақалоб олам аст
аз фасод хон халал-дар кашур тан мӣ-шуд
شرم این دریا زبان موج ما کوتاه کرد
بال پرواز از تری وقف تپیدن میشود
шарм ин дарё забон мавҷ мо куто-кард
бол паравоз аз тари вақаф тапидан мӣ-шуд
جامهٔ فتحی چوگرد عجز نتوان یافتن
پیکر موج از شکست خویش جوشن میشود
ҷома фатаҳи чугард ъаҷаз натавон йофатан
пикар мавҷ аз шакаст хеш ҷушан мӣ-шуд
با همه آسودگی دلها امل آوارهاند
شوخی موج اینگهرها را فلاخن میشود
бо ҳама осудаги далаҳо амал овора-анд
шухи мавҷ ин-гаҳараҳо ро фалохан мӣ-шуд
در بساط جلوه ناموس تپشهای دلم
حیرت آیینه بار خاطر من میشود
дар басот ҷалуа номус тапашаҳой дилам
ҳайрат оина бор хотар ман мӣ-шуд
گوهر ازگرد یتیمی در حصار آبروست
فقر در غربت چراغ زیر دامن میشود
гуҳар азагард йтими дар ҳасор обаруст
фақар дар ғарабат чароғ зир доман мӣ-шуд
گر چنین پیچد به گردون دود دلهای کباب
خانهٔ خورشید هم محتاج روزن میشود
гар чанин пичад ба гардун дуд далаҳой кабоб
хона хурашид ҳам маҳатоҷ рузн мӣ-шуд
جلوهٔ هستی ز بس کمفرصتی افسانه است
چشم تا بندند دیدنها شنیدن میشود
ҷалуа ҳастӣ з бас камафарасти афасона аст
чашм то банданд диданаҳо шанидан мӣ-шуд
بیدل از تحصیل دنیا نیست حاصل جز غرور
دانه را نشو و نما رگهای گردن میشود
бидел аз таҳасил данио нест ҳосал ҷуз ғарур
дона ро нашу ва намо рагаҳой гардан мӣ-шуд
واژهنامهٔ این غزل · 18 واژه
- نیست
- نبودن؛ در شعر یادکرد عدم و فنا در برابر هستی موهوم.
- بیدل
- تخلصِ شاعر؛ بهمعنیِ بیدل، عاشقِ از خود رفته.
- چشم
- اندامِ بینایی؛ سرچشمهٔ نگاه، اشک و انتظارِ عاشقانه.
- آیینه
- شیشهٔ بازتابدهنده؛ نمادِ صفای دل و تجلّیِ حق.
- آب
- مایعِ زندگانی؛ نمادِ روانی، صفا و گاه آبرو.
- عالم
- جهانِ هستی؛ پهنهٔ آفرینش و جلوهگاهِ حق.
- هستی
- وجود و بودن؛ در برابر عدم و نیستی.
- موج
- برآمدگی آب؛ در شعر نشانه جنبش، اضطراب و ناپایداری.
- نقش
- تصویر و اثر؛ گاه صورت ظاهری در برابر حقیقت.
- شکست
- درهمشکستگی؛ نمادِ نیستی و فروریختنِ خودیِ عاشق.
- خون
- مایعِ سرخِ تن؛ نمادِ درد، شور و جگرسوزیِ عشق.
- دامن
- کنارهٔ جامه؛ نمادِ پاکی، پناه و دستآویز.
- بال
- پرِ پرواز؛ نمادِ اوجگرفتن و رهاییِ روح.
- حیرت
- سرگشتگی آگاهانه در برابر حقیقتی که فهم عادی از آن بازمیماند.
- خانه
- سرپناهِ زیست؛ نمادِ دل، تن یا قفسِ هستی.
- پرواز
- اوجگرفتن در هوا؛ نمادِ رهاییِ روح و آرزو.
- پای
- عضوِ ایستادن و رفتن؛ نمادِ ثبات و گام در راه.
- عجز
- ناتوانی و درماندگی؛ فروتنیِ بنده در برابرِ حق.