تسلی کو اگر منظورت اسباب هوس باشد
تسلی کو اگر منظورت اسباب هوس باشد
ندارد برگ راحت هر که را در دیده خس باشد
тасали ку агар маназурт асабоб ҳус бошад
надорад бараг-роҳат ҳар ки ро дар дида хас бошад
ز هستی هرچه اندیشی غبار دل مهیا کن
کسوف آفتاب آیینهٔ عرض نفس باشد
з ҳастӣ ҳарача андиши ғубор дил маҳио кан
касуф офтоб оина ъарз нафас бошад
درین محفل حیا کن تا گلوی ناله نخراشی
نفس هم کم خروشی نیست گر فریادرس باشد
дарин маҳафал ҳио кан то галавай нола нахароши
нафас ҳам-кам харуши нест гар фариодарс бошад
نمیگیرد به غیر از دست و تیغ و دامن قاتل
مرا درکوچههای زخم رنگ خون عسس باشد
нами-гирд ба ғир аз даст ва тиғ ва доман қотал
маро даракуча-ҳой захам ранг хон ъасас бошад
چه امکانست ما و جرات پرواز گلزارت
نگاه عاجزان را سایهٔ مژگان قفس باشد
ча амаконаст мо ва ҷарот паравоз галазорт
нго ъоҷазон ро сойа мажагон қафас бошад
نبالیدیم بر خود ذرهای در عرض پیدایی
غبار ما مباد افشانده ی بال مگس باشد
наболидим бар худ зара-эй дар ъарз пидойай
ғубор мо мабод афашонда й бол магас бошад
به دل وامانده ای از لاف ما و من تبرا کن
مقیم خانهٔ آیینه باید بینفس باشد
ба дил вомонда эй аз лоф мо ва ман табаро кан
мақим хона оина бойд бе-нафас бошад
چه لازم تنگ گیرد آسمان ارباب معنی را
شکخما همان مضمورن که نتوان بست بس باشد
ча лозм танг-гирд осмон арабоб маъани ро
шаках-мо ҳамон мазмурн-ки натавон баст бас бошад
مکن ساز اقامت تا غبار خویش بشکافی
نفس پر میفشاند شاید آواز جرس باشد
макан соз ақомат то ғубор хеш башакофи
нафас пур мӣ-фашонд шойд овоз ҷарс бошад
شکست رنگ امیدیست سر تا پای ما بیدل
ز سیر ما مشو غافل اگر عبرت هوس باشد
шакаст ранг амиди-ст сар то пой мо бидел
з сир мо машу ғофал агар ъабарт ҳус бошад
واژهنامهٔ این غزل · 18 واژه
- دل
- جان و درونِ آدمی؛ جایگاهِ عشق، درد و آگاهی.
- نیست
- نبودن؛ در شعر یادکرد عدم و فنا در برابر هستی موهوم.
- بیدل
- تخلصِ شاعر؛ بهمعنیِ بیدل، عاشقِ از خود رفته.
- سر
- بالاترین عضوِ تن؛ نمادِ اندیشه، سودا و فدا شدن در عشق.
- نفس
- دم و لحظه کوتاه زندگی؛ گاه خواهش و خودی انسان.
- رنگ
- نمود و جلوه ظاهری؛ گاه کنایه از دگرگونی و ناپایداری.
- آیینه
- شیشهٔ بازتابدهنده؛ نمادِ صفای دل و تجلّیِ حق.
- پر
- شهپرِ پرنده؛ نمادِ پرواز، آرزو و سبکباریِ روح.
- دست
- اندامِ گرفتن؛ نمادِ قدرت، بخشش و تصرف.
- هستی
- وجود و بودن؛ در برابر عدم و نیستی.
- غبار
- گرد و خاک؛ نشانه محوی، فروتنی، ناپایداری یا حجاب دیدن.
- ناله
- فریادِ دردمندانه؛ آوای سوز و شکوهٔ عاشق.
- شکست
- درهمشکستگی؛ نمادِ نیستی و فروریختنِ خودیِ عاشق.
- خون
- مایعِ سرخِ تن؛ نمادِ درد، شور و جگرسوزیِ عشق.
- هوس
- آرزوی زودگذر؛ میلِ نفسانی در برابرِ عشقِ راستین.
- دامن
- کنارهٔ جامه؛ نمادِ پاکی، پناه و دستآویز.
- ساز
- آلتِ نوازندگی؛ نمادِ همآهنگی و نوای درون.
- بال
- پرِ پرواز؛ نمادِ اوجگرفتن و رهاییِ روح.