نیامد کوشش بیحاصل گردون به کار من
نیامد کوشش بیحاصل گردون به کار من
مگر از خاک بردارد مرا سعی غبار من
ниомад кушаш биҳосал гардун ба кор ман
магар аз хок бардорд маро саъи ғубор ман
نهال نالهام نشو و نمای طرفهای دارم
دل هرکس گدازی دید گردید آبیار من
наҳол нола-ам нашу ва намой тарфа-эй дорм
дил ҳаракас гадози дид гардид обиор ман
نمیدانم چه برق افتاده در بنیاد ادراکم
که داغ دل شرار کاغذی شد درکنار من
нами-донам ча барақ афтода дар баниод адарокам
ки доғ дил шарор коғази шуд дараканор ман
به وحشت نالهٔ آزادم از گردون چه غم دارد
اسیر طوق قمری نیست سرو جویبار من
ба вҳашт нола озодам аз гардун ча ғам дорад
асир туқ қамари нест сару ҷавайабор ман
تحیر جوهری گل کردهام نومید پیدایی
مگر آیینه از تمثال خود گیرد عیار من
таҳир ҷуҳари гул карда-ам нумид пидойай
магар оина аз тамасол худ гирд ъиор ман
چو اجزای تخیل نامشخص هیاتی دارم
قلم در رنگ تصویری نزد صورت نگار من
чу аҷазой тахил номашахас ҳиоти дорм
қалм дар ранг тасавайри назд сурт нгор ман
ز بس بیانفعال دور باش عبرتم دارد
نمیگرید عرق هم بر ندامتهای کار من
з бас бе-анафаъол дур бош ъабартам дорад
нами-гарид ъарақ ҳам бар ндоматаҳой кор ман
رهایی پر فشان و مفت جمعیت گرفتاری
به فتراک نفس عمریست میلرزد شکار من
раҳойай пур фашон ва мафт ҷамаъит гарфатори
ба фатарок нафас ъамари-ст мӣ-ларзад шакор ман
نمیدانم هوس بهر چه میسوزد نفس یا رب
تو داری عالم نازی که ممکن نیست نار من
нами-донам ҳус баҳар ча мӣ-сузд нафас йо раб
ту дори олам нози ки мамакан нест нор ман
ز بس در یاد چشم او سراپا مستیام بیدل
قدح بالید اگر خمیازه گل کرد از خمار من
з бас дар йод чашм ав саропо масти-ам бидел
қадаҳ болид агар хамиоза-гул кард аз хамор ман
واژهنامهٔ این غزل · 18 واژه
- دل
- جان و درونِ آدمی؛ جایگاهِ عشق، درد و آگاهی.
- نیست
- نبودن؛ در شعر یادکرد عدم و فنا در برابر هستی موهوم.
- بیدل
- تخلصِ شاعر؛ بهمعنیِ بیدل، عاشقِ از خود رفته.
- نفس
- دم و لحظه کوتاه زندگی؛ گاه خواهش و خودی انسان.
- رنگ
- نمود و جلوه ظاهری؛ گاه کنایه از دگرگونی و ناپایداری.
- چشم
- اندامِ بینایی؛ سرچشمهٔ نگاه، اشک و انتظارِ عاشقانه.
- آیینه
- شیشهٔ بازتابدهنده؛ نمادِ صفای دل و تجلّیِ حق.
- گل
- شکوفهٔ خوشبو؛ نشانهٔ زیبایی، بهار و معشوق.
- خاک
- زمین و گرد؛ نماد فروتنی، فنا، خاستگاه جسم و نهایت آدمی.
- پر
- شهپرِ پرنده؛ نمادِ پرواز، آرزو و سبکباریِ روح.
- عالم
- جهانِ هستی؛ پهنهٔ آفرینش و جلوهگاهِ حق.
- غبار
- گرد و خاک؛ نشانه محوی، فروتنی، ناپایداری یا حجاب دیدن.
- ناله
- فریادِ دردمندانه؛ آوای سوز و شکوهٔ عاشق.
- هوس
- آرزوی زودگذر؛ میلِ نفسانی در برابرِ عشقِ راستین.
- داغ
- نشان سوختگی یا زخم؛ کنایه از اندوه، عشق و حسرت.
- سعی
- کوشش و تلاش؛ جهدِ سالک در راهِ مقصود.
- عرق
- تراوشِ پوست؛ نمادِ شرم، خجلت و لطافتِ رخسار.
- یاد
- بهخاطرآوردن؛ حضورِ معشوق در دل و ذکرِ پیوسته.