همتی گر هست پایی بر سر دنیا زنید
همتی گر هست پایی بر سر دنیا زنید
همچو گردون خیمهای در عالم بالا زنید
ҳамати-гар ҳаст пойай бар сар данио знид
ҳамачу гардун хима-эй дар олам боло знид
خانهپردازی نمیباید پی آرام جسم
این غبار رفته را در دامن صحرا زنید
хона-пардози нами-бойд пи ором ҷасам
ин ғубор рафта ро дар доман саҳаро знид
نیست ساز عافیت در محفل گفت و شنود
گوش اگر باز است باری قفل بر لبها زنید
нест соз ъофит дар маҳафал гафт ва шануд
гуш агар боз аст бори қафал бар лабҳо знид
میتوان فرهاد شد گر بیستون نتوان شدن
تیغ اگر بر سر نباشد تیشهای بر پا زنید
мӣ-тавон фараҳод шуд гар бистун натавон шадан
тиғ агар бар сар набошад тиша-эй бар по знид
شهرت موهوم ننگ بینشانی تا به کی
آتش گمنامیی در شهپر عنقا زنید
шаҳарт муҳум нанг бе-нашони то ба ки
оташ-гаманомий дар шаҳапар ъанқо знид
نقد راحت بردهاند از کیسهگاه زندگی
بعد از این چون شعله در خاکستر خود وازنید
нақад роҳат барда-анд аз киса-го зандаги
баъад аз ин чун шаъала дар хокастар худ вознид
خاک صحرای فنا خمخانهٔ جوش بقاست
یک قلم ساحل شوید و ساغر دریا زنید
хок саҳарой фано хамахона ҷуш бақост
як қалм соҳал шавайд ва соғар дарё знид
کشتهٔ تیغ نگاه لالهرویانیم ما
شمع داغی بر سر لوح مزار ما زنید
кашта тиғ нго лола-равайоним мо
шамъ доғи бар сар луҳ мазор мо знид
بزم ما را غیر قلقل مطربی در کار نیست
ساقیان دستی به ساز گردن مینا زنید
базм мо ро ғир қалқал матараби дар кор нест
соқион дасти ба соз гардан мино знид
بیقراری همچو اشک از دیدهها افتادنست
حلقهای چون داغ باید بر در دلها زنید
биқарори ҳамачу ашак аз дида-ҳо афтоданаст
ҳалқа-эй чун доғ бойд бар дар далаҳо знид
حسرت می گر نباشد نیست تشویش خمار
بشکنید امروز جام و سنگ بر فردا زنید
ҳасарт мӣ гар набошад нест ташавайаш хамор
башаканид амаруз ҷом ва санг бар фардо знид
مصرع آهی که گردد از شکست دل بلند
گر فتد موزون به گوش بیدل شیدا زنید
масараъ оҳи-ки гардад аз шакаст дил баланд
гар фатад музун ба-гуш бидел шидо знид
واژهنامهٔ این غزل · 18 واژه
- دل
- جان و درونِ آدمی؛ جایگاهِ عشق، درد و آگاهی.
- نیست
- نبودن؛ در شعر یادکرد عدم و فنا در برابر هستی موهوم.
- بیدل
- تخلصِ شاعر؛ بهمعنیِ بیدل، عاشقِ از خود رفته.
- سر
- بالاترین عضوِ تن؛ نمادِ اندیشه، سودا و فدا شدن در عشق.
- خاک
- زمین و گرد؛ نماد فروتنی، فنا، خاستگاه جسم و نهایت آدمی.
- شمع
- چراغ مومی؛ نماد سوختن، روشنی دادن و عاشقی بیقرار.
- پا
- عضوِ راهرفتن؛ نمادِ گام در راهِ طلب و سلوک.
- عالم
- جهانِ هستی؛ پهنهٔ آفرینش و جلوهگاهِ حق.
- غبار
- گرد و خاک؛ نشانه محوی، فروتنی، ناپایداری یا حجاب دیدن.
- شکست
- درهمشکستگی؛ نمادِ نیستی و فروریختنِ خودیِ عاشق.
- دامن
- کنارهٔ جامه؛ نمادِ پاکی، پناه و دستآویز.
- ساز
- آلتِ نوازندگی؛ نمادِ همآهنگی و نوای درون.
- آتش
- شعله و سوز؛ کنایه از عشق، درد، شور یا نابودی.
- داغ
- نشان سوختگی یا زخم؛ کنایه از اندوه، عشق و حسرت.
- اشک
- قطرهٔ چشم؛ نشانهٔ گریه، شوق یا اندوهِ عاشقانه.
- سنگ
- تختهسنگِ سخت؛ نمادِ سختی، جفا و گاه مستی.
- خانه
- سرپناهِ زیست؛ نمادِ دل، تن یا قفسِ هستی.
- دیده
- چشمِ بیننده؛ سرچشمهٔ نگاه، اشک و دیدارِ یار.